हमीरपुर में लागू होगी स्वामित्व योजना, 1482 आबादी देह गांवों में मिलेंगे मालिकाना हक

12 नवंबर को आयोजित होगी विभागीय अधिकारियों, जिला परिषद और बीडीसी सदस्यों की कार्यशाला

हमीरपुर 09 नवंबर। भू-रिकार्ड के डिजिटाइजेशन और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को उनकी आवासीय संपत्तियों का मालिकाना हक प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा आरंभ की गई प्रधानमंत्री स्वामित्व योजना को जिला हमीरपुर में भी पायलट आधार पर कार्यान्वित किया जाएगा। राजस्व विभाग ने इसके लिए सभी आवश्यक तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस योजना के तहत जिला हमीरपुर के कुल 1482 आबादी देह गांवों में मालिकाना हक प्रदान किए जाएंगे तथा संबंधित मालिकों को संपत्ति कार्ड वितरित किए जाएंगे।

उपायुक्त देबश्वेता बनिक ने बताया कि जिला का राजस्व अभिलेख तैयार करने के लिए आबादी देह गांवों में ड्रोन से व्यापक सर्वे किया जाएगा। इस ड्रोन आधारित सर्वे में भारतीय सर्वेक्षण विभाग की मदद ली जाएगी। राजस्व अभिलेख तैयार होने के बाद लोगों को उनकी आवासीय संपत्तियों के मालिकाना हक प्रदान किए जाएंगे। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में संपत्तियों से संबंधित विवादों में कमी आएगी तथा मालिकाना हक मिलने के बाद लोग वित्तीय संस्थानों से आसानी से कर्ज ले सकेंगे। इससे ग्राम पंचायतों में विकास योजनाएं बनाने में भी काफी मदद मिलेगी।

उपायुक्त ने बताया कि जिला स्तर पर इस योजना के कार्यान्वयन के लिए 12 नवंबर को बचत भवन में एक कार्यशाला आयोजित की जाएगी। इसमें जिले भर के राजस्व अधिकारियों, ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों और अन्य अधिकारियों के अलावा जिला परिषद तथा पंचायत समितियों के पदाधिकारियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके उपरांत ब्लॉक और तहसील स्तर पर भी विशेष प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.