राज्य खाद्य आयोग ने स्वास्थ्य एवं पोषण पर कार्यशाला आयोजित की
शिमला
राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष डॉ. एस.पी. कत्याल की अध्यक्षता में शिमला में एक दिवसीय स्वास्थ्य एवं पोषण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में फ्रंटलाइन वर्कर्ज को पोषण, स्वास्थ्य संबंधी जीवनशैली और सरकार द्वारा इस क्षेत्र में चलाई जा रही प्रमुख योजनाओं और कार्यक्रमों के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
डॉ. कत्याल ने फ्रंटलाइन वर्कर्ज के प्रयासों की सराहना की और कार्यशाला में प्राप्त जानकारी को अपने दैनिक फील्ड कार्यों में लागू करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि इससे जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सूचकांकों में सुधार होगा।
राज्य खाद्य आयोग के सदस्य सचिव योगेश चौहान ने राज्य में पोषण संबंधी परिणामों में सुधार के लिए विभागों के बीच प्रभावी समन्वय की आवश्यकता पर बल दिया।
इस अवसर पर उपस्थित प्रतिभागियों को पोषण संबंधी समस्याओं की पहचान, फील्ड रिकॉर्ड बनाने और सामुदायिक पहुंच को मजबूत करने के बारे में प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
महिला एवं बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग, पीएम पोषण तथा आईजीएमसी शिमला के प्रतिनिधियों ने संतुलित आहार, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, मध्याह्न भोजन मानकों और समुदाय स्तर की श्रेष्ठ प्रक्रियाओं पर उपयोगी जानकारी साझा की।
संवाद सत्र के दौरान प्रतिभागियों ने कहा कि ऐसी कार्यशालाएं नियमित रूप से आयोजित की जानी चाहिए।
इस कार्यशाला में लगभग 38 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें आशा कार्यकर्ता, मिड-डे-मील कार्यकर्ता और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता शामिल थे।
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